सरकार ग्रामीण जनता को बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने का लाख दावा करे , लेकिन बलरामपुर जिले के जनपद पंचायत वाड्रफनगर क्षेत्र में बसे गांव आज भी विकास से कोसों दूर है , एक तरफ देश चांद पर जाने की तैयारी कर रहा है तो वहीं दुसरी तरफ पंडरी ग्राम पंचायत के पहाड़ीह में कोरवा जनजाति के लोग आज भी गंदा पानी ,जिसमें कीड़े दिखाई दे रहे है ,गंदा पानी पीने को मजबुर हैं।
बलरामपुर जिले के वाड्रफनगर जनपद पंचायत वाड्रफनगर के ग्राम पंचायत पंडरी के पारा पहाड़ीह के कोरवा पारा आज भी ग्रामीण बुनियादी सुविधाओं से कोसों दूर है वहां के ग्रामीण को शुद्ध पानी आज तक नसीब नहीं हुआ है, , यहां निवासरत लगभग 10 घरों में 40 लोगों की आबादी आज भी बुनियादी सुविधाओं के लिए तरस रही है , कहने को तो सरकार तमाम योजनाएं चला रही है,लेकिन वे सभी योजनाएं कागजों में सीमित रह चुका हैं , लेकिन विभागीय उदासीनता की वजह से आज तक इन्हें शुद्ध पानी ,बिजली सड़क ,आवास की मजदूरी नहीं मिल पाई।
जब जब चुनाव नजदीक आते हैं तो जन प्रतिनिधि यहां की जनता को वोट के बदले आश्वासन का पुल बांध कर चले जाते हैं और चुनाव खत्म होता है तो व्यवस्थाएं जस की तस रह जाती है , ग्रामीणों ने कई बार इस समस्या के बारे शिकायत किए है,लेकिन आज तक वहां की समस्या को कोई नहीं सुना,पंचायत में भी अपनी समस्या को रखते रखते थक गए हैं लिखित रूप में भी वहां के ग्रामीण शिकायत किए है
इस मामले में वाड्रफनगर sdm एसडीएम से जब बात हुई तो उन्होंने बताया कि जो भी समस्या है, उसे जल्द दूर करेंगे ,लेकिन ऐसा लगता है,की गरीबों की समस्या को लेकर अधिकारी तत्पर नहीं है,क्योंकि वहां के ग्रामीण कई वर्षों से अधिकारी और पंचायत में शिकायत कर रहे हैं
प्रशाशन उन्हें शुद्ध पानी उपलब्ध करा पता है,की नहीं देखने वाली बात होगी।
