जशपुर जिले के बगीचा थाना क्षेत्र अंतर्गत समूह की महिलाओं को लोन देने वाला स्पंदना स्फूर्ति फाइनेंशियल लिमिटेड बैंक के मैनेजर द्वारा लाखों रुपये फ्राड करने का मामला सामने आया है. महिलाओं के क़िस्त की राशि को बैंक में जमा न कर मैनेजर अपने निजी खर्चो में उपयोग कर लिया.जब महिलाओं ने ठगी होने के बाद इसकी शिकायत बैंक के उच्च अधिकारियों को दी तो बैंक ने मैनेजर को हटा कर अपना पड़ला झाड़ लिया।फिलहाल गांव की गरीब महिलाएं न्याय की आस में दो दिन से थाने का चक्कर काट रही है.आरोपी बैंक मैनेजर नितेश विश्वकर्मा को महिलाओं ने पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया है।
बगीचा थाना क्षेत्र के कुरडेग, बगडोल और पतरापारा की दर्जनों महिलाओं ने बगीचा थाना आकर शिकायत दर्ज कराया कि स्पंदना प्राइवेट बैंक जो गांव – गांव जाकर महिलाओं को समूह के माध्यम से लोन देने का काम करती है.बगीचा अनुविभाग में लगभग 250 महिला समूह को 3 करोड़ रुपये की राशी उ लोन के रूप में बांटी है जिसका 12 परसेंट के हिसाब से ब्याज वसूलती है. लोन की क़िस्त साप्ताहिक/मासिक लेते है. बैंक द्वारा लोन बाटने और क़िस्त की राशि वसूली करने के लिए फील्ड स्टॉफ नियुक्त किए है जो क़िस्त की राशि लाकर बैंक में जमा करते है. कुछ महिलाएं खुद ही अपना क़िस्त की राशि नगद बैंक में लाकर मैनेजर के पास जमा करते है. इन महिलाओं को ठगी का अहसास तब हुआ जब लोन पटाने के समय सिमा खत्म होने के बाद जब दोबारा लोन के लिए आवेदन दिए पता चला कि इनका लोन का क़िस्त अभी भी बाकी है.बगीचा पुलिस का कहना है कि अभी जांच चल रहा है लेकिन मीडिया से कुछ भी कहने से बच रहे है।
